संवाददाता समाचार टाउन
कायमगंज/फर्रुखाबाद:राजकीय मक्का खरीद केंद्र पर खरीद की धीमी रफ्तार से किसान परेशान हो उठे। कई किसान एक सप्ताह से ट्रैक्टर ट्रॉली में मक्का लेकर अपनी बारी का इंतजार कर रहे हैं। बारिश के मौसम में फसल खराब होने की आशंका और बढ़ते खर्च ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है।
मंडी समिति में राजकीय मक्का खरीद केंद्र पर बारिश के मौसम में कई दिनों से मक्का लेकर पहुंचे किसानों का सब्र जवाब देने लगा है। खरीद में हो रही देरी से किसानों को आर्थिक नुकसान उठाने का डर सता रहा है। उनका कहना है कि रोज केंद्र पर पहुंचने के बावजूद कभी बारदाना न होने तो कभी श्रमिकों की कमी बताकर उन्हें वापस कर दिया जाता है।
सहरसा निवासी आशीष गंगवार, प्रदीप कुमार, अचरा निवासी विजेंद्र, हकीकतपुर निवासी रोहतास और लुखड़ापुर निवासी राजेश यादव समेत कई किसानों ने बताया कि वे पिछले एक सप्ताह से खरीद केंद्र के चक्कर लगा रहे हैं, लेकिन अब तक उनकी फसल की तौल नहीं हो सकी है। किसानों का कहना है कि वे किराये के ट्रैक्टर ट्रॉली से मक्का लेकर आए हैं, जिसका रोजाना किराया भी देना पड़ रहा है।
किसानों ने बताया कि लगातार हो रही बारिश के कारण मक्का में नमी बढ़ने की आशंका बनी हुई है। यदि नमी अधिक हो गई तो खरीद केंद्र पर फसल वापस कर दी जाएगी। इसी चिंता के चलते खरीद केंद्र पर ट्रैक्टर ट्रॉलियों की लंबी कतार लगी हुई है।
शुक्रवार को खरीद केंद्र पर अंगूठा लगाने को लेकर दो पक्षों में विवाद हो गया। मामला बढ़ने पर दोनों पक्ष कोतवाली पहुंच गए। बाद में आपसी समझौते के प्रयास के बाद मामला शांत हो गया। उधर, केंद्र प्रभारी विनोद श्रीवास्तव ने किसानों के आरोपों को निराधार बताया। उन्होंने कहा कि पिछले कुछ दिनों से बारदाने की कमी के कारण खरीद प्रभावित हुई थी। अब तक 3635 कुंतल मक्का की खरीद की जा चुकी है। उन्होंने बताया कि किसानों को निर्धारित समय पर ही ट्रैक्टर लेकर आने के लिए कहा जाता है।

