संवाददाता समाचार टाउन
- –गढ़िया जगन्नाथ व बरखेड़ा के किसानों ने सर्वे कर मुआवजा दिलाने की उठाई मांग
कायमगंज/फर्रुखाबाद:बीते दिनों लगातार रुक-रुक कर हुई बारिश किसानों पर अब भारी पड़ गई। खेतों में रखे गेहूं के पुरे भीगने से बालियों में अंकुर निकल आए, जिससे कई किसानों की डेढ़ सौ बीघा फसल खराब हो गई। प्रभावित किसानों ने तहसील प्रशासन से सर्वे कराकर मुआवजा दिलाने की मांग की है।
क्षेत्र में बीते दिनों हुई बारिश ने किसानों की मेहनत पर पानी फेर दिया। गेहूं की कटाई के बाद किसान थ्रेसर से दाने निकलवाने के लिए खेतों में पुरे बनाकर फसल का ढेर लगाए हुए थे। इसी दौरान लगातार रुक-रुक कर हुई बारिश से गेहूं के पूरे भीग गए थे।
फोटो परिचय बारिश से भीगे गेहूं के पूरों में निकले किल्ले को देखते किसान
किसानों ने फसल को बचाने के लिए पूरों को सुखाने का प्रयास किया, लेकिन मौसम साफ न होने से सफलता नहीं मिल सकी। हालत यह हो गई कि गेहूं की बालियों में अंकुर निकलने शुरू हो गए, जिससे फसल खराब हो गई। कंपिल के गढ़िया जगन्नाथ व बरखेड़ा गांव के किसान सुखबीर सिंह चौहान, रामप्रकाश, निराला, राजपाल सिंह, अनु सिंह, रावण सिंह, बीनू ठाकुर, रनजीत सिंह पाल, मस्ताना ठाकुर, देवेंद्र सिंह, धर्मेंद्र सिंह पाल और ईश्वर दयाल सिंह समेत कई किसानों की करीब डेढ़ सौ बीघा गेहूं की फसल प्रभावित हुई है।
किसानों का कहना है कि उन्होंने कर्ज लेकर फसल तैयार की थी। अब फसल खराब होने से आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। किसानों ने तहसील प्रशासन से नुकसान का सर्वे कराकर उचित मुआवजा दिलाने की मांग की है।

